» Promote a Blog | Blog Directory | Advertising | Analytics | Blog | FAQ |

Explore » Blog Directory of Selected Blogs
Connect » Authentic Blogger Community
Discover » Featured Blogs and Topics

Recent blog posts on ब ल

Blog Directory Feed
  

मेरा आलस, आपका प्रेम और यह 100

content discovered on Sunday, September 30, 2012

Normal 0 false false false EN-US X-NONE HI MicrosoftInternetExplorer4 इन पोस्टों के लिए सबसे ज्यादा पेज देखे गए सृजन मानव जीवन का स्वभाव है . मानव ही नहीं प्रकृति के कण - कण में सृजन का अद्भुत संगम देखने को मिलता है . एक चिड़िया जब अपना घोंसला बनाती है तो उसकी कला अद्भुत होती है . उस पर न तो बारिश का असर होता है,ना आंधी का और न ही तू... read more »

मेरा आलस , आपका प्रेम और यह 100

content discovered on Thursday, September 20, 2012

Normal 0 false false false EN-US X-NONE HI MicrosoftInternetExplorer4 828 दिन और 19872 घंटे यहाँ बिताये हैं . अगर इन 828 दिनों का औसत आठ घंटे प्रतिदिन के हिसाब से भी निकला जाये तो भी लगभग 6624 घंटे लगभगपर मैंने बिताये हैं . इस समय का एक - एक पल उत्साह से भरा रहा है . लेकिन कभी - कभी निराशा भी हाथ लगी है . फिर भी आपका प्रेम मेरे जीवन की अम... read more »

मुनासिब सवाल का जबाब

content discovered on Monday, September 10, 2012

Normal 0 false false false EN-US X-NONE HI MicrosoftInternetExplorer4 आपकी प्रतिक्रिया स्वरूप टिप्पणियाँ मुझे प्राप्त हुई . लेकिन आप सबका जबाब सही उत्तर के आस पास ही घूमता रहा . किसी ने टिप्पणी ही लिख दी तो किसी ने नाम का अंतिम शब्द ही लिख दिया . भावनात्मक रूप से मैं समझ रहा हूँ कि आप जबाब के करीब हैं लेकिन तार्किक रूप से आप जबाब स... read more »

एक चर्चित ब्लॉगर

content discovered on Wednesday, September 05, 2012

Normal 0 false false false EN-US X-NONE HI MicrosoftInternetExplorer4 सही जबाब देने वाले पहले दो ब्लॉगर का परिचय उनके ब्लॉग लिंक के साथ इसी पोस्ट में अपडेट किया जायेगा . टिप्पणी मोडरेशन सक्षम किया है , इसलिए कल देर रात ही आप सबके द्वारा दिए गए उत्तर और परिणाम आप सबके सामने होंगे . http://www.chalte-chalte.com/feeds/posts/default read more »

मेरे आलेख , आपकी टिप्पणियाँ और यह पॉडकास्ट

content discovered on Sunday, April 01, 2012

अर्चना जीजीवन और साहित्य एक दुसरे के पर्याय हैं . जिस तरह जीवन की कोई सीमा नहीं , उसी तरह साहित्य को भी किसी सीमा में बांधना असंभव सा प्रतीत होता है . सीमा तो शरीरों की है . लेकिन भाव तो शाश्वत है , भाव मानव जीवन की अमूल्य पूंजी है और इसे अभिव्यक्त करने के माध्यम भी कई है . शब्द अपने आप में निर्जीव होता, लेकिनअर्थ उसे जीवन देता है और एक मधुर आवाज उस शब्द को अमर करती है . मधुर आवाज और शब्द का अद्भुत संगम ही हमें आनंद की पराकाष्ठा तक ले जाता है, और हम भाव विभोर हो जाते हैं . इन्हीं शब्दों और आवाज के अद्भुत... read more »

सार्थक ब्लॉगिंग की ओर .. 4

content discovered on Monday, March 12, 2012

अंतिम अंक .......! रचनाकर्म में स्पष्टता का अपना महत्व है . हम कुछ भी सृजन कर रहे हैं लेकिन जितनी हमारी विषय और विचार के प्रति स्पष्टता होगी उतना ही हमारा सृजन बेहतर होगा . कालजयी सृजन निश्चित रूप से विषय के प्रति स्पष्टता का ही परिणाम होता है . पूर्वाग्रहों और पक्षपातों से भरा सृजन कभी भी कालजयी नहीं हो सकता . ऐसा सृजन थोड़ी देर के लिए चर्चा का विषय तो बन सकता है .लेकिन एक सच्चे और समझदार पाठक के लिए उसके कोई मायने नहीं . कुछ एक प्रतिक्रियाओं के आधार पर हम यह सोच लें कि हमारा सृजन उत्तम है तो यह हमारे... read more »

सार्थक ब्लॉगिंग की ओर 1.3

content discovered on Monday, March 12, 2012

अंतिम अंक .......!रचनाकर्म में स्पष्टता का अपना महत्व है . हम कुछ भी सृजन कर रहे हैं लेकिन जितनी हमारी विषय और विचार के प्रति स्पष्टता होगी उतना ही हमारा सृजन बेहतर होगा . कालजयी सृजन निश्चित रूप से विषय के प्रति स्पष्टता का ही परिणाम होता है . पूर्वाग्रहों और पक्षपातों से भरा सृजन कभी भी कालजयी नहीं हो सकता . ऐसा सृजन थोड़ी देर के लिए चर्चा का विषय तो बन सकता है .लेकिन एक सच्चे और समझदार पाठक के लिए उसके कोई मायने नहीं . कुछ एक प्रतिक्रियाओं के आधार पर हम यह सोच लें कि हमारा सृजन उत्तम है तो यह हमारे लि... read more »

सार्थक ब्लॉगिंग की ओर 1.2

content discovered on Sunday, March 04, 2012

गतांक से आगे.......! जीवन का मंतव्य जब कला की साधना बन जाता है तो फिर जीवन उस कला में रम जाता है . फिर कला ही जीवन बन जाता है और ऐसा सर्जक निश्चित रूप से कला को नया आयाम देते हुए जीवन की सार्थकता को सिद्ध कर देता है . ब्लॉगिंग की जहाँ तक बात है यह तकनीक और कला का अद्भुत संगम है . आपके पास सृजन के इतने आयाम हैं कि आप किसी भी विषय को किसी भी तरह से लोगों तक पहुंचा सकते हैं , बेशर्त कि आप रोचकता और संजीदगी से सृजन को प्राथमिकता देते हों . अगर आप सृजन की प्राथमिकता और महता को समझते हैं तो आपके लिए ब्लॉगिं... read more »

सार्थक ब्लॉगिंग की ओर 1.1

content discovered on Saturday, February 18, 2012

ब्लॉगिंग का अपना एकस्वभावहै , उसकी अपनी एकप्रकृतिहै ( यह विषय फिर कभी ) इन सभी के बाबजूदब्लॉगिंग करने के लिए कुछ बाते निर्धारित की जा सकती हैं .जिनके आधार पर हम सफल और सार्थकब्लॉगिंग की और बढ़ सकते हैं ......! गतांक से आगे ........! जैसे ही सृजन का क्रम प्रारंभ हुआ वैसे ही उसे और बेहतर बनाने के लिए कुछ मूल बिंदु भी निर्धारित किये गए . यह आप किसी भी क्षेत्र में देख सकते हैं . संगीत , साहित्य , शिल्प , वास्तुशास्त्र , ज्योतिष , विज्ञान , योग आदि ना जाने कितने आयाम हैं सृजन के , सभी के अपने नियम है और उन्ही... read more »

सार्थक ब्लॉगिंग की ओर

content discovered on Tuesday, February 14, 2012

सृजन मानव का स्वभाव है . यही उसकी चेतना का प्रतिबिम्ब भी है . मानव मन - मस्तिष्क में चलने वाली हलचल, भावनाओं और विचारों का अनवरत प्रवाह सृजन के माध्यम से बाहर की दुनिया में प्रवेश करता है . जब तक सब कुछ हमारेमन - मस्तिष्क में घटित हो रहा है,तक वह हमारा है . जैसेही हमनें उसे अभिव्यक्त किया वह सबका हो गया . हमारी चेतना के मूल में सृजन स्वभाव के रूप में स्थापित है .("स्वभाव" के बारेमें बात फिर कभी)और इसी का परिणाम है कि मानव अपने अस्तित्व में आने से लेकर निरंतर सृजन में प्रवृत है . सृजन की उद्भट प्रतिभा ने ... read more »

« Previous12Next »



COPYRIGHT NOTICE: BlogUpp does not claim ownership of any content distributed via this blog directory and its content distribution channels.
The authors of the blogs featured above are assumed to be the content owners. BlogUpp is a blog promotion and content distribution service. Learn more

Terms of Service | Privacy Policy | Copyright © 2013, BlogUpp